सर्वोदय शांतिदूत ब्यूरो
साहिबाबाद। थाना इंदिरापुरम क्षेत्र में 2 अगस्त रविवार की रात 10 बजे एक व्यक्ति के गले से अज्ञात बदमाश ने मेवाड़ कॉलेज के पास सोने की चेन गले से लूट ली। बदमाश बिना नंबर की स्प्लेंडर मोटरसाइकिल से आया था। पुलिस ने इस घटना की रिपोर्ट 23 दिन के बाद लिखी है। आखिर थाना इंदिरापुरम पुलिस लूट की रिपोर्ट लिखने में इतना समय क्यों लगती है? इस तथ्य का पता पुलिस के अधिकारियों को लगाना चाहिए।
प्राप्त जानकारी के अनुसार कुलदीप सिंह निवासी 703 एसजी ओएसिस सेक्टर 2 वसुंधरा 2 अगस्त 2026 को रात 10 बजे साप्ताहिक सब्जी मंडी से सामान लेकर पैदल अपने घर लौट रहे थे, मेवाड़ कॉलेज की तरफ से एसजी ओएसिस की दिशा में अजनारा प्राईड सेक्टर 4 सी के सामने वाली पटरी पर वह पैदल चल रहे थे। इसी दौरान पीछे से एक अज्ञात लुटेरा बिना नंबर प्लेट की स्प्लेंडर मोटरसाइकिल से आया और उस लुटेरे ने पीछे से अचानक उनके गले पर हाथ मारा और झपट्टा मारकर उनकी सोने की चेन तोड़कर भाग गया। लुटेरे के पीछे से आने की वजह से वह उसकी बाइक का नंबर नहीं देग सके। बाइक पर नंबर प्लेट नहीं लगी थी। घटना के तुरंत बाद तेजी से लुटेरा एसजी ओएसिस की दिशा में फरार हो गया। घटना के तुरंत बाद उन्होंने 112 नंबर को कॉल किया इसके अलावा उन्होंने कनावनी पुलिया के पास स्थित वसुंधरा पुलिस चौकी पर घटना की लेखित शिकायत दर्ज कराई और चोरी गए समान का विवरण बताया। बदमाश ने गहरे रंग की शर्ट पहन रखी थी जिस पर सफेद रंग की धारियां थीं। चोरी की चेन का वजन लगभग डेढ़ से दो तोले के बीच था।
पुलिस ने इस घटना की रिपोर्ट लिखने में आखिर 23 दिन क्यों लगा दिए यह भी जांच का विषय होना चाहिए! प्रश्न यह भी है कि आखिर पुलिस के अधिकारी जो थाना अध्यक्ष से बड़े पद पर हैं वे अपने अधीनस्थों की अपराध के प्रति लापरवाही पर नजर क्यों नहीं रखते?
